बांका जिले के चकाई थाना क्षेत्र में एक छात्रा के साथ किए गए जानलेवा व्यवहार ने पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया। दो युवक एकतरफा अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए छात्रा से उसका मोबाइल फोन छीने की युवक की कोशिश कर रहे थे, जिसमें से एक को देखते ही पुलिस ने धर दबोचा जबकि दूसरा फरार हो गया।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि छात्रा शाम के समय अकेले पैदल जा रही थी, तभी असामाजिक तत्वों ने वारदात को अंजाम देना शुरू किया। उन्होंने रोते-बिलखते छात्रा को धमकी दी और अभद्र शब्दों का प्रयोग कर उसे घबराया-धड़काया। जब छात्रा ने विरोध किया तो उन्होंने उसकी झोली से मोबाइल फाडऩे की कोशिश की।
स्थानीय पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मौके पर पहुंचकर आरोपितों में से एक को पकड़ लिया। गिरफ्त में आए युवक के बयान से पता चला कि उसका साथी वारदात के समय पास ही से गुजरते अन्य रास्तों से भाग निकला। पुलिस दोनों आरोपी की पहचान कर उनके खिलाफ गैरजमानती धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की तफ्तीश में जुट गई है।
इस मामले से यह स्पष्ट होता है कि कहीं भी विद्यार्थी असुरक्षित महसूस कर सकते हैं, खासकर अकेले यात्रा के दौरान। मोबाइल चोरी और अभद्र भाषा जैसी घटनाएं न सिर्फ शारीरिक परेशानी बल्कि मानसिक आघात का भी कारण बनती हैं। स्थानीय प्रशासन समेत सभी को मिलकर सड़कों पर पैदल यात्रियों की सुरक्षा बढ़ाने और लोगों में जागरूकता फैलाने की जरूरत है।
हमारी जिम्मेदारी बनती है कि हम ऐसी घटनाओं को नज़रअंदाज न करें। पीड़ितों का मनोबल बढ़ाने के साथ उन्हें सुरक्षा के उपायों की जानकारी दें और समाज में एकजुटता दिखाएं। बांका पुलिस की तत्परता स्वागत योग्य है, लेकिन यह भी जरूरी है कि हम व्यक्तिगत सतर्कता बरतें और सामूहिक प्रयासों से ऐसे घटनाक्रमों को रोका जाए।

